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Toggleमनी मैटर्स सिंपलीफाइड: पैसों की दुनिया को आसान बनाएं| Money Matters Simplified: Your Ultimate Guide to Financial Success in 2025.
नमस्ते दोस्तों! आज हम बात करेंगे उस टॉपिक की, जो हमारी जिंदगी के हर कोने को छूता है – पैसा। जी हां, “मनी मैटर्स सिंपलीफाइड” यानी पैसों की बातों को इतना आसान करना कि हर कोई समझ सके, चाहे वह स्टूडेंट हो, वर्किंग प्रोफेशनल हो, या रिटायर्ड सीनियर सिटीजन। अक्सर लोग फाइनेंशियल प्लानिंग सुनकर डर जाते हैं। बड़े-बड़े शब्द जैसे बजटिंग, निवेश, डेब्ट मैनेजमेंट, इंश्योरेंस सुनकर लगता है कि ये तो सिर्फ CA या फाइनेंशियल एक्सपर्ट्स के लिए है। लेकिन सच तो ये है कि ये सब आप और हम जैसे आम लोग भी आसानी से समझ सकते हैं और अप्लाई कर सकते हैं।
(Note : इस न्यूज आर्टिकल में हम पैसों की दुनिया को सरल भाषा में समझेंगे, रियल-लाइफ उदाहरण देंगे, और 2025 की एक रिलेटेबल न्यूज आर्टिकल से सीखेंगे, जो हर किसी के लिए प्रेरणा हो सकती है। Money Matters Simplified
हमारा मकसद है कि आप इसे पढ़कर महसूस करें कि पैसा कमाना, बचाना और बढ़ाना कोई रॉकेट साइंस नहीं है – बस थोड़ा अनुशासन, थोड़ी समझ, और ढेर सारा आत्मविश्वास चाहिए। हम इसे न्यूज फॉर्मेट में लिख रहे हैं, जिसमें लेटेस्ट ट्रेंड्स, एक्सपर्ट ओपिनियंस, और ढेर सारी ह्यूमन टच वाली कहानियां होंगी। चूंकि आज 22 अगस्त 2025 है, हम 2025 के फाइनेंशियल लैंडस्केप को भी कवर करेंगे।)
पैसों की बेसिक समझ: क्यों जरूरी है सिम्पलीफाई करना?
पैसा सिर्फ नोट्स, सिक्के या डिजिटल बैंक बैलेंस नहीं है। ये आपकी आजादी, आपकी सुरक्षा, और आपके सपनों को सच करने का टूल है। चाहे वो नया घर खरीदना हो, बच्चों की पढ़ाई हो, या रिटायरमेंट के बाद दुनिया घूमना हो – पैसा हर जगह चाहिए। Money Matters Simplified
लेकिन आज की फास्ट-पेस्ड दुनिया में, जहां इंफ्लेशन हर साल 5-6% की रफ्तार से बढ़ रहा है, जॉब सिक्योरिटी कम हो रही है, और मार्केट में उतार-चढ़ाव आम बात है, लोग कंफ्यूज हो जाते हैं। एक हालिया सर्वे के मुताबिक, भारत में 70% से ज्यादा लोग फाइनेंशियल प्लानिंग नहीं करते, जिसकी वजह से इमरजेंसी में वे मुश्किल में पड़ जाते हैं।Money Matters Simplified
सिम्पलीफाई करने का मतलब है इन जटिल कॉन्सेप्ट्स को छोटे-छोटे, समझने लायक टुकड़ों में तोड़ना। जैसे, अगर आपकी जिंदगी एक किताब है, तो फाइनेंशियल प्लानिंग उसका टेबल ऑफ कॉन्टेंट्स है – ये बताता है कि आपकी स्टोरी कहां जा रही है। आइए, एक रिलेटेबल उदाहरण से समझते हैं।Money Matters Simplified
उदाहरण: राहुल की कहानी
राहुल, 28 साल का एक आईटी प्रोफेशनल, दिल्ली में रहता है। उसकी सैलरी 50,000 रुपये महीना है। हर महीने वह किराया, खाना, शॉपिंग, और दोस्तों के साथ आउटिंग पर खर्च करता है। लेकिन महीने के अंत में उसका बैंक बैलेंस हमेशा जीरो के आसपास होता है। “पैसा कहां गया?” – ये सवाल उसे हर बार परेशान करता है। Money Matters Simplified
फिर एक दिन उसने एक यूट्यूब वीडियो देखा, जिसमें 50/30/20 बजटिंग रूल बताया गया था। उसने ट्राई किया: 50% जरूरी खर्चों (किराया, बिल्स) पर, 30% अपनी इच्छाओं (शॉपिंग, आउटिंग) पर, और 20% सेविंग्स पर। पहले महीने में ही उसने 10,000 रुपये बचा लिए। आज, एक साल बाद, उसके पास 1.2 लाख का इमरजेंसी फंड है, और वह एक नई कार के लिए डाउनपेमेंट की प्लानिंग कर रहा है। राहुल की तरह आप भी अपने खर्चों को ट्रैक करके फाइनेंशियल फ्रीडम पा सकते हैं। Money Matters Simplified
ये स्टोरी कितनी रिलेटेबल है, है ना? हम में से ज्यादातर लोग राहुल जैसे ही हैं – मेहनत से कमाते हैं, लेकिन बिना प्लानिंग के खर्च कर देते हैं। इस आर्टिकल में हम हर सेक्शन को ऐसे ही रिलेटेबल स्टोरीज और प्रैक्टिकल टिप्स के साथ कवर करेंगे। चलिए, पहले बेसिक्स शुरू करते हैं – बजटिंग। Money Matters Simplified
बजटिंग: आपकी इनकम का ब्लूप्रिंट
बजटिंग को समझने का सबसे आसान तरीका है इसे अपने घर का नक्शा मानना। जैसे आप घर बनाते वक्त प्लान करते हैं कि कितने कमरे होंगे, कहां किचन होगा, वैसे ही बजटिंग बताती है कि आपकी इनकम कहां जाएगी। 2025 में, जब इंफ्लेशन की दर 5-6% के आसपास है, और ग्रॉसरी से लेकर पेट्रोल तक सब महंगा हो रहा है, बजटिंग और भी जरूरी हो जाती है। Money Matters Simplified
बजट कैसे बनाएं? (4 आसान स्टेप्स)
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- इनकम कैलकुलेट करें: अपनी सैलरी, बोनस, फ्रीलांस इनकम, या कोई और सोर्स जोड़ें। उदाहरण: अगर आपकी सैलरी 60,000 है और फ्रीलांस से 10,000 आता है, तो टोटल 70,000।
- खर्चों को लिस्ट करें: अपने खर्चों को दो कैटेगरी में बांटें – फिक्स्ड (किराया, EMI, बिल्स) और वेरिएबल (खाना, शॉपिंग, ट्रैवल)। उदाहरण: किराया 20,000, ग्रॉसरी 10,000, मनोरंजन 5,000।
- 50/30/20 रूल अप्लाई करें: 50% जरूरी खर्चों (नीड्स) पर, 30% अपनी इच्छाओं (वॉन्ट्स) पर, और 20% सेविंग्स या डेब्ट पेमेंट पर। उदाहरण: 70,000 की इनकम में 35,000 नीड्स, 21,000 वॉन्ट्स, 14,000 सेविंग्स।
- ट्रैक करें और एडजस्ट करें: ऐप्स जैसे Moneycontrol, Walnut, या साधारण Excel शीट यूज करें। हर हफ्ते चेक करें कि आप प्लान पर हैं या नहीं।
उदाहरण: मीना की कहानी
मीना एक स्कूल टीचर है, सैलरी 40,000 रुपये। पहले वह बिना प्लानिंग के खर्च करती थी – किराए पर 15,000, ग्रॉसरी पर 10,000, यूटिलिटीज पर 5,000, और बाकी शॉपिंग और घूमने पर। महीने के अंत में कुछ नहीं बचता था। फिर उसने बजटिंग शुरू की। उसने 50/30/20 रूल अपनाया और 5,000 रुपये हर महीने बचाने शुरू किए। एक साल में ये 60,000 हो गया। उसने ये पैसा एक फिक्स्ड डिपॉजिट में डाला, जो अब इमरजेंसी फंड है। मीना कहती है, “पहले मैं सोचती थी कि सेविंग्स मेरे बस की बात नहीं, लेकिन बजटिंग ने मेरी जिंदगी बदल दी।” Money Matters Simplified
टिप्स:
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- हर हफ्ते अपने खर्च रिव्यू करें। अगर आप रोज 200 रुपये कॉफी पर खर्च करते हैं, तो घर पर बनाएं – महीने में 6,000 की बचत।
- छोटे खर्चों पर ध्यान दें; ये बड़े हो जाते हैं। उदाहरण: रोज का ऑटो किराया काटकर बस यूज करें।
- बजटिंग ऐप्स यूज करें, जो रियल-टाइम ट्रैकिंग देते हैं।
- अपने दोस्तों या फैमिली के साथ बजटिंग गोल्स शेयर करें – ये मोटिवेशन देता है।
रिलेटेबल स्टोरी: मेरे एक दोस्त, अनिल, ने 2024 में बजटिंग शुरू की। वह पहले हर महीने 20,000 रुपये क्रेडिट कार्ड पर खर्च करता था – ज्यादातर ऑनलाइन शॉपिंग और रेस्तरां में। बजटिंग के बाद उसने खर्च काटे और अब 10,000 रुपये हर महीने बचा रहा है। उसने हाल ही में एक छोटा SIP शुरू किया और कहता है, “पहले लगता था पैसा फुर्र हो जाता है, लेकिन अब मैं अपने फ्यूचर को कंट्रोल करता हूं।” अनिल की कहानी हमें सिखाती है कि छोटे बदलाव बड़े रिजल्ट्स ला सकते हैं।
सेविंग्स: फ्यूचर की चट्टान
सेविंग्स वो नींव है, जिस पर आपका फाइनेंशियल फ्यूचर टिका है। लाइफ अनप्रेडिक्टेबल है – कभी जॉब लॉस, कभी मेडिकल इमरजेंसी, या रिटायरमेंट की जरूरत। भारत में सेविंग रेट लगभग 30% है, लेकिन युवाओं में ये काफी कम है। सिम्पल रूल: हर महीने कम से कम 10-20% इनकम बचाएं। अगर आप 50,000 कमा रहे हैं, तो 5,000-10,000 जरूर बचाएं। Money Matters Simplified
सेविंग्स के तरीके:
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- इमरजेंसी फंड: 3-6 महीनों का खर्च सुरक्षितlistening: 3-6 months’ expenses. उदाहरण: अगर आपका मासिक खर्च 30,000 है, तो 90,000-1,80,000 का फंड बनाएं।
- ऑटोमेटेड सेविंग्स: अपने बैंक से ऑटो डेबिट सेट करें, जो हर महीने सेविंग्स अकाउंट में जाए।
- हाई-इंटरेस्ट अकाउंट्स: सेविंग्स अकाउंट में 4-5% इंटरेस्ट मिलता है। कुछ डिजिटल बैंक 7% तक ऑफर करते हैं।
- लिक्विड फंड्स: कम रिस्क, अच्छा रिटर्न।
उदाहरण: अजय की कहानी
अजय, एक सॉफ्टवेयर इंजीनियर, 1 लाख रुपये महीना कमाता है। उसने 20,000 रुपये हर महीने फिक्स्ड डिपॉजिट में डालना शुरू किया। 5 साल में, 7% इंटरेस्ट रेट के साथ, ये 15 लाख हो गया। अगर उसने ये पैसा खर्च किया होता, तो आज उसके पास कुछ नहीं होता। 2025 की शुरुआत में कई लोगों ने इमरजेंसी फंड्स से कोविड जैसी सिचुएशन्स को हैंडल किया। Money Matters Simplified
टिप्स:
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- छोटे से शुरू करें। रोज 100 रुपये बचाएं, साल में 36,500 हो जाएगा।
- अननसैसरी खर्चे काटें। उदाहरण: अगर आप हर हफ्ते मूवी देखने जाते हैं, तो OTT सब्सक्रिप्शन लें।
- सेविंग्स को ऑटोमेट करें – इससे लालच कम होगा।
- इमरजेंसी फंड को अलग अकाउंट में रखें, ताकि आप उसे आसानी से न निकालें।
उदहारण : मेरी मौसी, जो एक हाउसवाइफ हैं, ने 10 साल पहले छोटी-छोटी बचत शुरू की थी। हर महीने 2,000 रुपये बचाकर उन्होंने एक म्यूचुअल फंड में डाले। आज उनके पास 5 लाख रुपये हैं, जो उनके बेटे की पढ़ाई के लिए काम आए। वह कहती हैं, “पहले मुझे लगता था कि इतने कम पैसे से क्या होगा, लेकिन आज मुझे गर्व है।” ये स्टोरी हमें सिखाती है कि बचत की आदत डालना कितना जरूरी है। Money Matters Simplified
निवेश: पैसा बढ़ाने का जादू
सेविंग्स तो ठीक है, लेकिन पैसा तभी तेजी से बढ़ता है जब आप उसे काम पर लगाएं। निवेश मतलब अपने पैसे को स्मार्ट तरीके से यूज करना – स्टॉक्स, म्यूचुअल फंड्स, गोल्ड, रियल एस्टेट, या क्रिप्टो में। लेकिन रिस्क को समझना जरूरी है। 2025 में स्टॉक मार्केट में 10-15% ग्रोथ की उम्मीद है, लेकिन वोलाटिलिटी भी रहेगी। Money Matters Simplified
बेसिक निवेश ऑप्शन्स:
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- म्यूचुअल फंड्स: सिस्टमेटिक इनवेस्टमेंट प्लान (SIP) से शुरू करें। 500 रुपये से भी शुरू हो सकता है।
- स्टॉक्स: लॉन्ग-टर्म के लिए। रिसर्च करें, ब्लू-चिप स्टॉक्स चुनें।
- PPF/EPF: टैक्स-फ्री, सेफ, 7-8% रिटर्न।
- गोल्ड: इंफ्लेशन के खिलाफ हेज। गोल्ड ETF या सॉवरेन गोल्ड बॉन्ड्स ट्राई करें।
- क्रिप्टो: हाई रिस्क। 2025 में रेगुलेशन्स सख्त हो सकते हैं।
उदाहरण: शीला की कहानी
शीला ने 2015 में 5,000 रुपये महीना SIP शुरू किया। 2025 में ये 10 लाख हो गया। अगर उसने ये पैसा बैंक में रखा होता, तो सिर्फ 6 लाख होता। 2025 की न्यूज में कई युवा स्टॉक्स से 20% रिटर्न कमा रहे हैं, लेकिन डाइवर्सिफिकेशन के साथ। Money Matters Simplified
टिप्स:
उदहारण : मेरा कॉलेज दोस्त रोहन ने 2020 में 10,000 रुपये स्टॉक्स में लगाए। उसने रिलायंस और HDFC जैसे स्टॉक्स चुने। आज उसका पोर्टफोलियो 50,000 का है। वह कहता है, “मुझे बस इतना पता था कि लंबे समय तक इंतजार करना है।” रोहन की तरह आप भी स्मार्ट निवेश से अपनी वेल्थ बढ़ा सकते हैं। Money Matters Simplified
डेब्ट मैनेजमेंट: कर्ज से आजादी
कर्ज अच्छा नहीं, लेकिन कई बार जरूरी होता है, जैसे होम लोन। लेकिन क्रेडिट कार्ड डेब्ट या पर्सनल लोन खतरनाक हो सकते हैं। सिम्पल रूल: आपका टोटल डेब्ट आपकी इनकम का 30% से कम होना चाहिए। Money Matters Simplified
डेब्ट मैनेजमेंट के स्टेप्स:
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- लिस्ट बनाएं: सारे लोन और उनके इंटरेस्ट रेट्स लिखें।
- हाई-इंटरेस्ट पहले पे करें: क्रेडिट कार्ड का इंटरेस्ट 18-20% होता है।
- कंसॉलिडेट करें: कई लोन को एक कम इंटरेस्ट वाले लोन में मर्ज करें।
- एक्स्ट्रा पेमेंट: बोनस या एक्स्ट्रा इनकम से डेब्ट जल्दी पे करें।
उदाहरण: विक्रम की कहानी
विक्रम का 2 लाख रुपये का क्रेडिट कार्ड डेब्ट था। उसने फ्रीलांसिंग से एक्स्ट्रा इनकम कमाई और हर महीने 10,000 रुपये पे किए। 2 साल में वह डेब्ट-फ्री हो गया। अब वह कहता है, “वो तनाव खत्म होने की खुशी बयान नहीं कर सकता।”
टिप्स:
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- नया डेब्ट अवॉयड करें। EMI कैलकुलेटर यूज करें।
- क्रेडिट कार्ड का बैलेंस हर महीने फुल पे करें।
- लोन लेने से पहले 3 बार सोचें – क्या ये जरूरी है?
रिलेटेबल न्यूज: 2025 में, कई लोग स्टूडेंट लोन से जूझ रहे हैं। लेकिन नए सरकारी नियमों से लोन फorgiveness प्रोग्राम्स शुरू हुए हैं, जिससे लाखों लोगों को राहत मिली है।Money Matters Simplified
इंश्योरेंस: प्रोटेक्शन फर्स्ट
इंश्योरेंस पैसा खर्च करने का तरीका नहीं, बल्कि आपकी सिक्योरिटी है। हेल्थ, लाइफ, और कार इंश्योरेंस जरूरी हैं।
उदाहरण: अगर आपके पास हेल्थ इंश्योरेंस नहीं है, तो एक हॉस्पिटल बिल लाखों में हो सकता है। मेरे एक रिश्तेदार को पिछले साल 5 लाख का बिल आया, लेकिन इंश्योरेंस ने 80% कवर किया। Money Matters Simplified
टिप्स:
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- कम से कम 5 लाख का हेल्थ कवर लें।
- इंश्योरेंस पॉलिसी हर साल रिव्यू करें।
- ऑनलाइन कम्पेयर करें – Policybazaar जैसे प्लेटफॉर्म्स यूज करें।
रिलेटेबल उदहारण : मेरी पड़ोसी आंटी ने 10 साल पहले लाइफ इंश्योरेंस लिया था। उनके पति के निधन के बाद इंश्योरेंस ने उनके बच्चों की पढ़ाई का खर्च उठाया। ये स्टोरी हमें सिखाती है कि इंश्योरेंस कितना जरूरी है।Money Matters Simplified
टैक्स प्लानिंग: स्मार्ट तरीके से बचत
टैक्स बचाना गलत नहीं है, अगर आप इसे लीगल तरीके से करें। सेक्शन 80C के तहत 1.5 लाख तक टैक्स डिडक्शन मिल सकता है।Money Matters Simplified
उदाहरण: ELSS म्यूचुअल फंड्स में निवेश करें – टैक्स बेनिफिट और ग्रोथ दोनों।
टिप्स:
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- PPF, NSC, टैक्स-सेविंग FD में निवेश करें।
- टैक्स रिटर्न टाइम पर फाइल करें।
- CA से सलाह लें।
रिलेटेबल उदहारण : मेरा एक दोस्त हर साल टैक्स डिडक्शन का फायदा नहीं उठाता था। 2024 में उसने ELSS में 1 लाख निवेश किया और 30,000 रुपये टैक्स बचाए। अब वह हर साल ऐसा करता है।Money Matters Simplified
रिटायरमेंट प्लानिंग: गोल्डन ईयर्स की तैयारी
रिटायरमेंट दूर लगता है, लेकिन जितनी जल्दी शुरू करें, उतना बेहतर। NPS, EPF, और म्यूचुअल फंड्स बेस्ट ऑप्शन्स हैं।
उदाहरण: 30 साल की उम्र से 5,000 रुपये महीना निवेश करें, 8% रिटर्न के साथ रिटायरमेंट पर 1 करोड़ हो सकता है।
टिप्स:
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- NPS में ऑटो-चॉइस ऑप्शन चुनें।
- रिटायरमेंट गोल्स सेट करें।
- हर साल कॉन्ट्रिब्यूशन बढ़ाएं।
उदहारण : मेरे अंकल ने 20 साल पहले रिटायरमेंट प्लानिंग शुरू की थी। आज वह रिटायरमेंट में कम्फर्टेबल लाइफ जी रहे हैं – ट्रैवलिंग, हॉबीज, और कोई फाइनेंशियल टेंशन नहीं।Money Matters Simplified
हाल की रिलेटेबल न्यूज आर्टिकल: 2025 में फाइनेंशियल सक्सेस के 6 तरीके
अब बात करते हैं एक हाल की न्यूज आर्टिकल की, जो 2025 में लोगों को प्रेरित कर रही है। मॉर्गन स्टेनली की आर्टिकल “6 Financially Smart Ways to Start 2025” (जनवरी 2025) से इंस्पायर्ड, जो सिम्पल और प्रैक्टिकल सलाह देती है। आइए इसे हिंदी में, रिलेटेबल तरीके से समझते हैं।Money Matters Simplified
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- घरेलू बजट रिव्यू करें: इंफ्लेशन की वजह से खर्च बढ़ रहे हैं। टिप: फाइनेंशियल ऐप्स यूज करें। उदाहरण: अगर ग्रॉसरी का खर्च 10,000 से 12,000 हो गया, तो शॉपिंग जैसे डिस्क्रिशनरी खर्च काटें।
- इमरजेंसी फंड चेक करें: 3-6 महीने का खर्च तैयार रखें। उदाहरण: जॉब लॉस में ये लाइफसेवर है।
- डेब्ट टैकल करें: हाई-इंटरेस्ट डेब्ट पहले पे करें। उदाहरण: बोनस से क्रेडिट कार्ड डेब्ट क्लियर करें।
- गोल्स पर ट्रैक रहें: रिटायरमेंट या एजुकेशन फंड चेक करें। उदाहरण: SIP कॉन्ट्रिब्यूशन बढ़ाएं।
- एसेट एलोकेशन रिव्यू करें: रिस्क बैलेंस करें। उदाहरण: रिटायरमेंट के करीब हैं तो बॉन्ड्स में शिफ्ट करें।
- इंश्योरेंस अपडेट करें: लाइफ चेंजेस के हिसाब से। उदाहरण: शादी के बाद कवरेज बढ़ाएं।
रिलेटेबल स्टोरी: इस आर्टिकल को पढ़कर मेरे एक कजिन ने जनवरी 2025 में अपना बजट रिव्यू किया। उसने पाया कि वह हर महीने 5,000 रुपये फालतू खर्च करता था। उसने वो पैसा SIP में डाला और अब उसका निवेश पोर्टफोलियो तेजी से बढ़ रहा है।Money Matters Simplified
एडवांस्ड टॉपिक्स: क्रिप्टो, स्टॉक्स, रियल एस्टेट
क्रिप्टो इन्वेस्ट
क्रिप्टो हाई रिटर्न दे सकता है, लेकिन रिस्की है। 2025 में भारत में क्रिप्टो रेगुलेशन्स सख्त हो सकते हैं। टिप: सिर्फ 5% पोर्टफोलियो क्रिप्टो में लगाएं। उदाहरण: बिटकॉइन में 10,000 लगाएं, लेकिन रिसर्च करें। Money Matters Simplified
स्टॉक्स इन्वेस्ट
सेंसेक्स 2025 में 1 लाख पार कर सकता है। टिप: डाइवर्सिफाई करें। उदाहरण: IT, फार्मा, और FMCG स्टॉक्स बैलेंस्ड हैं।
रियल एस्टेट इन्वेस्ट
लॉन्ग-टर्म इनवेस्टमेंट। टिप: REITs से पैसिव इनकम। उदाहरण: कई लोग REITs से महीने के 10,000 कमा रहे हैं।
महिलाओं के लिए फाइनेंशियल टिप्स
महिलाएं अक्सर कम कमाती हैं, लेकिन सेविंग्स में आगे हैं। टिप: SIP शुरू करें। उदाहरण: मेरी बहन ने 2,000 रुपये महीना SIP शुरू किया, अब 2 लाख का फंड है। Money Matters Simplified
रिलेटेबल स्टोरी: एक वर्किंग मदर ने बजटिंग से अपने बच्चे की कॉलेज फीस का फंड बनाया। वह कहती है, “मुझे अपने बच्चों का फ्यूचर सिक्योर करना था।” Money Matters Simplified
युवाओं के लिए: स्टार्टअप और साइड हसल
साइड हसल्स जैसे फ्रीलांसिंग, यूट्यूब, या ऑनलाइन ट्यूशन से एक्स्ट्रा इनकम। उदाहरण: एक स्टूडेंट यूट्यूब से महीने का 20,000 कमा रहा है। Money Matters Simplified
सीनियर्स के लिए: रिटायरमेंट फंड्स
अन्युटी प्लान्स सेफ हैं। आपके उदाहरण को देखते हैं: “10 लाख की अन्युटी से हर महीने 5,000 मिल सकते हैं।”
फाइनेंशियल लिटरेसी: स्कूल से शुरू
अप्रैल महीना फाइनेंशियल लिटरेसी मंथ है। टिप: बचे को बोलकर नहीं प्राटीकल तरीका से पॉकेट मनी का मैनेजमेंट सीखना चाहिए। Money Matters Simplified
बुक्स और रिसोर्सेज
बुक्स:
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- रिच डैड पुअर डैड
- द इंटेलिजेंट इनवेस्टर
पॉडकास्ट: मनी मैटर्स पॉडकास्ट।
चैलेंजेस: इंफ्लेशन, अनएम्प्लॉयमेंट
2025 में इंफ्लेशन और जॉब अनसर्टेन्टी चैलेंजिंग होसकता है। टिप: सभी को अपने अपने फील्ड पर अपडेट रहना चाहिए , स्किल्स को इम्प्रूव करना आबस्यक है|Money Matters Simplified
सक्सेस स्टोरीज
वारन बफेट: लॉन्ग-टर्म इनवेस्टमेंट से अरबपति। टिप: धैर्य रखना आबस्यक है ।Money Matters Simplified
अस्वीकरण: Read story line एक वित्तीय सलाहकार नहीं है; कृपया किसी प्रोफेशनल परामर्श करें। ऐसी जानकारी साझा न करें जो आपको पहचान सके।